निधि चनानी एक फ्रीलांस चित्रकार हैं, और उनका यह मानना है कि खुशियां पाने के लिए आपको किसी समंदर या पहाड़ तक जाने की ज़रूरत नहीं बल्कि अपने आस-पास और रोज़मर्रा की छोटी-छोटी चीज़ो में ढूंढने की ज़रूरत है. निधि कहती है कि, जब उन्होंने तय किया कि वे आर्ट्स को ही अपना करियर बनाएंगी तो वे अपने काम से लोगों को खुश करना चाहती थीं.
वे कहती हैं कि हमारी ज़िंदगी में हमेशा ऐसे मौके आते हैं जब किसी दिन एक छोटी सी किस और सूरज को डूबते हुए देखना ही बेस्ट मूमेंट होता हैं. तो वहीं किसी दिन अपने प्रियवर के साथ आइसक्रीम शेयर करना और बेस्ट फ्रेंड के साथ किसी दिन लंबे समय तक पुरानी यादों को कुरेदना.
मगर हम सभी ज़िंदगी की भाग-दौड़ में इतने व्यस्त हो गए हैं कि, हम छोटी-छोटी चीज़ों को देख ही नहीं पाते. इन छोटी-छोटी ख़ुशियों और ढेर सारे प्यार को हासिल करने के लिए आपको बस थोड़ा सा अपने नज़रिए में बदलाव करना होगा. आख़िर “शौके दीदार है तो नज़र पैदा कर” किसी ने यू हीं थोड़े न कहा है. तो आप भी देखिए निधि ने कैसे ख़ुशियों को अपनी चित्रकारी के माध्यम से कैद और प्रसारित करने की कोशिश की है...
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