नारियल तेल कई प्रकार के स्वास्थ्य और सौंदर्य लाभ प्रदान करता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि यह यीस्ट इंफेक्शन के इलाज के लिए भी इस्तेमाल किया जा सकता है। जी हां, यीस्ट इंफेक्शन के इलाज के लिए यह सबसे अच्छे प्राकृतिक उपचारों में से एक है। नारियल के तेल में तीन अलग-अलग प्रकार के फैटी एसिड मौजूद होते हैं। इन्हें कैप्रीलिक एसिड, कैप्रिक एसिड, लोरिक एसिड के नाम से जाना जाता है। यह यीस्ट इंफेक्शन को दूर करने में बहुत प्रभावी होता है। आइए सबसे पहले यीस्ट इंफेक्शन के बारे में जानकारी लेते हैं।

यीस्ट इंफेक्शन
शरीर में यीस्ट के बहुत अधिक बढ़ जाने से बहुत सी महिलाओं को यीस्ट संक्रमण की समस्या हो जाती है। आमतौर पर यह तभी होता है जब आपके शरीर की प्रणाली असंतुलित हो जाती है। और आपके शरीर में जीवाणु और यीस्ट का संतुलन बिगाड़ कर यीस्ट को बहुत अधिक बढ़ा देता है। योनि या इसके आसपास खुजली, गाढ़ा सफेद डिस्चार्ज, यूरीन या सेक्स के दौरान योनि में जलन और दर्द, योनि के आस पास की त्वचा का लाल होना, बदबूदार डिस्चार्ज आदि इसके लक्षण है। आइए जानें कि नारियल के तेल इसके लिए किस तरह से लाभकारी हैं।
नारियल तेल ही क्यों?
प्रयोगशाला परीक्षण से पता चला है कि नारियल तेल आसानी से यीस्ट कोशिकाओं में समाकर योनि की जलन और सूजन को कम करने में मदद करता है। और नारियल तेल में मौजूद तीन फैटी एसिड एंटीवायरल, एंटीमाइक्रोबिल और एंटीफंगल तत्व से भरपूर होने के कारण हानिकारक बैक्टीरिया को दूर करने में मदद करता है। और पाचन तंत्र में संतुलन में मदद कर यह अच्छे बैक्टीरिया को नुकसान भी नहीं पहुंचाता है।
कैप्रीलिक एसिड की मौजूदगी
नारियल तेल में मौजूद कैप्रीलिक एसिड यीस्ट इंफेक्शन का कारण बनने वाली यीस्ट कोशिका की झिल्ली को तोड़ने में मदद करता है। यह न केवल यीस्ट इंफेक्शन को नियंत्रित करता है बल्कि इससे वापस होने से भी रोकता है। वर्जिन नारियल तेल खासतौर पर इस्तेमाल करने के लिए कहा जाता है क्योंकि इसमें भरपूर मात्रा में लौरिक एसिड, और यीस्ट इंफेक्शन के खिलाफ प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत बनाने वाले पोषक तत्व मौजूद होते हैं।
हालांकि यह आपको यह पहले से ही पता है कि नारियल तेल चीनी के विकल्प के रूप में एक प्राकृतिक स्वीटनर की तरह काम करता है और बढ़ते फंगल इंफेक्शन को प्राथमिक खाद्य स्रोत से नियंत्रित करते है। इसके अलावा नारियल तेल आपकी प्रतिरक्षा प्रणाली को बढ़ावा देने तुरंत एनर्जी प्रदान करता है। नारियल तेल एक सुरक्षात्क परत का गठन कर यीस्ट इंफेक्शन के खिलाफ सुरक्षा प्रदान करता है।
हालांकि यह आपको यह पहले से ही पता है कि नारियल तेल चीनी के विकल्प के रूप में एक प्राकृतिक स्वीटनर की तरह काम करता है और बढ़ते फंगल इंफेक्शन को प्राथमिक खाद्य स्रोत से नियंत्रित करते है। इसके अलावा नारियल तेल आपकी प्रतिरक्षा प्रणाली को बढ़ावा देने तुरंत एनर्जी प्रदान करता है। नारियल तेल एक सुरक्षात्क परत का गठन कर यीस्ट इंफेक्शन के खिलाफ सुरक्षा प्रदान करता है।
यीस्ट इंफेक्शन में नारियल तेल का इस्तेमाल
नारियल तेल बाह्य और आंतरिक दोनों रूपों में फंगल इंफेक्शन से लड़ने में मदद करता है। आप चाहे तो यीस्ट इंफेक्शन से बचने के लिए इसे अपने आहार में शामिल करें या संक्रमित हिस्से पर लगाकर नारियल का तेल लगाकर भी इसका इस्तेमाल कर सकते हैं।
इंफेक्शन पर तेल लगाने के उपाय
सबसे पहले यीस्ट इंफेक्शन से संक्रमित हिस्से को साफ कर, इसे अच्छी तरह से सूखा लें। फिर नारियल तेल की कुछ बूंदे लेकर इसे प्रभावित हिस्से पर दिन में दो से तीन बार लगाये। अच्छे परिणाम पाने के लिए इसे उपाय को कुछ हफ्तों तक नियमित रूप से करें।
आहार में नारियल तेल शामिल करने के उपाय
हर सुबह नारियल के तेल की 1-2 चम्मच लें। अगर आपको इससे आराम नहीं मिल रहा हैं तो धीरे-धीरे खुराक बढ़ाकर नियमित रूप से 5 बड़े चम्मच कर दें। आप मक्खन या खाना पकाने के तेल में इसका इस्तेमाल कर सकते हैं।
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